रायपुर/छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को 6 महीने बाद जेल से रिहाई मिल गई है। 3200 करोड़ रुपये के कथित शराब घोटाले में गिरफ्तार चैतन्य बघेल को 2 जनवरी को हाईकोर्ट से जमानत मिली थी, जिसके बाद आज 3 जनवरी को वे रायपुर सेंट्रल जेल से बाहर आए।
जेल से बाहर निकलते ही बड़ी संख्या में मौजूद कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने चैतन्य बघेल का फूलमालाओं और ढोल-नगाड़ों के साथ स्वागत किया। इस दौरान जेल परिसर के बाहर समर्थकों की भारी भीड़ देखने को मिली।
जेल से बाहर आए चैतन्य बघेल
चैतन्य बघेल को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 18 जुलाई को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी से पहले ED की टीम ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के रायपुर स्थित निवास पर छापेमारी की थी। कार्रवाई के बाद चैतन्य बघेल को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें ED की रिमांड पर भेजा गया था। इसके बाद से वे न्यायिक हिरासत में रायपुर सेंट्रल जेल में बंद थे।
हाईकोर्ट से मिली जमानत
2 जनवरी को चैतन्य बघेल की जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने उन्हें राहत दी और जमानत मंजूर कर ली। अदालत के आदेश के बाद आज उनकी रिहाई हुई।
ढोल-नगाड़ों के साथ हुआ स्वागत
रिहाई के दौरान रायपुर सेंट्रल जेल के बाहर कांग्रेस के कई नेता, पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। समर्थकों ने नारेबाजी करते हुए ढोल-नगाड़े बजाए और फूलमालाएं पहनाकर चैतन्य बघेल का स्वागत किया।

